UPI ने भारत में भुगतान क्रांति ला दी है, लेकिन इसके साथ स्कैम भी तेजी से बढ़े हैं। QR कोड फ्रॉड, नकली UPI IDs, फिशिंग लिंक—ये तरीके हर दिन नए पीड़ित बनाते हैं। अपनी जान-माल की रक्षा करना आपकी जिम्मेदारी है।
सबसे आम UPI स्कैम
- QR कोड फ्रॉड: "EMERGENCY" या "KYC update" के नाम पर QR स्कैन करवाना
- Fake UPI IDs:.@rnic" या ".oficial" जैसे नकली UPI IDs जो असली जैसे दिखते हैं
- Phishing SMS: "आपका खाता suspend होगा" जैसे मैसेज में लिंक
- स्क्रीनशेयर फ्रॉड: "तकनीकी सहायता" के नाम पर स्क्रीन शेयर करवाना
बचाव के नियम
कभी भी UPI PIN किसी के साथ साझा न करें। कोई भी बैंक या भुगतान ऐप कभी OTP, PIN या पासवर्ड नहीं मांगता। संदेह हो तो कॉल करके verify करें।
वर्चुअल नंबर की भूमिका
UPI और भुगतान ऐप्स के लिए हमेशा अपना असली नंबर इस्तेमाल करें—यह आपकी वित्तीय पहचान है। वर्चुअल नंबर सिर्फ गैर-वित्तीय सेवाओं के लिए है।
रिपोर्ट कैसे करें
स्कैम का शिकार हुए तो तुरंत 1930 (national cybercrime helpline) पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट करें। जितनी जल्दी, उतना बेहतर।